देश लूटकर विदेशों में बसने की छूट किसने दी

प्रिय पाठको, आप लोगों को शायद जानकारी हो कि अपने भारत देश पर 80 लाख करोड़ का कर्जा हो गया है। आक्सफाम की एक रिपोर्ट के अनुसार भारत के टापमोस्ट नौ लोगों की संपत्ति का आंकड़ा देश के लगभग 65 करोड़ लोगों की संपत्ति के करीब है। यह किसने किया, क्यों किया और क्याभ जो अमीर हुए हैं वे गैरकानूनी तरीके से देश को लूटकर अमीर हुए हैं। ऐसा नहीं है कि बड़े घोटाले हालही में हुए लेकिन पिछले कुछ सालों में मानों देश को लूटने का काम ही हुआ है। ऐसा लगता है मानों इसमें शासन, प्रशासन में भ्रष्टाचार अपनी चरम सीमा पार गया हो। अब लूटरों ने आसान तरीका भी अपना लिया है कि पहले देश को लूटो फिर नागरिकता छोड़ दो और कहीं विदेश जाकर नागरिकता ले लो।
विजय माल्या पहले भागा जिसने पहले भारतीय जेल को अमानवीय बताया और अब स्विस बैंक से कहा आप मेरे अकाउंट की जानकरी भारतीय जांच एंजेसी सीबीआई को कैसे दे सकते हैं जो खुद ही दागदार है जिसके खिलाफ सुप्रीम कोर्ट सुनवाई कर रही है। और अब मेहुल चोकसी ने भारतीय नागरिकता छोड़ दी और भारत लौटने से मेहुल चोकसी ने यह कह कर इंकार कर दिया था कि भारत में उसकी लिंचिंग हो सकती है। हीरा कारोबारी मेहुल चैकसी पर भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) के 405 करोड़ रुपए और पंजाब नेशनल बैंक से 13,500 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के मामले में आरोपी है। एसबीआई का कदम चैंकाने वाला भी है, क्योंकि जब फरवरी 2018 में स्टेट बैंक के चेयरमैन रजनीश कुमार ने कहा था कि नीरव मोदी मामले उनके बैंक की सीधे तौर पर कोई रकम बकाया नहीं है। एसबीआई ने चैकसी, उसके परिवार के सदस्यों और ग्रुप की कंपनियों से लोन की राशि को चुकाने के लिए कहा है। बैंक ने पिछले साल 31 दिसंबर को चैकसी और उसके परिजन को नोटिस भेजे थे, लेकिन वे वापस आ आए।
सूत्रों के अनुसार मेहुल चोकसी ने अपने भारतीय पासपोर्ट को एंटीगुआ उच्चायोग में जमा करवा दिया है। इसका मतलब यह हुआ कि मेहुल को अब भारत लाना केंद्र सरकार के लिए मुश्किल हो गया है।
इससे पहले चोकसी ने ईडी की याचिका को खारिज करने के लिए 34 पन्नों का जवाब भेजा था। जिसमें उसने अपनी बहुत सी स्वास्थ्य समस्याओं का भी हवाला देते हुए कहा था कि उसके लिए भारत आने के लिए 41 घंटे लंबी यात्रा करना संभव नहीं है। याचिका में उसने मामले की जांच कछुए की चाल जैसी होने की बात कही थी। इसके अलावा उसने कहा था कि ट्रायल को शुरू होने में सालों का समय लग जाएगा।
मेहुल चोकसी के भारतीय नागरिकता छोड़ने पर केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने कहा, श्हमारी सरकार ने आर्थिक भगोड़ कानून को पास किया है। जो भाग गए हैं उन्हें वापस लाया जाएगा। इसमें कुछ समय लग सकता है लेकिन हम उन्हें वापस ले आएंगे।श् आपको बता दें कि मेहुल चोकसी और उसके भांजे नीरव मोदी पर पंजाब नेशनल बैंक की मुंबई स्थित ब्रेडी हाउस ब्रांच के अधिकारियों की मिलीभगत से घोटाला करने का आरोप है।
प्रिय पाठको, भारतीय बैंकों ने 111,389 करोड़ रुपये से अधिक के चूक की सूचना दी है, जिसमें 9,339 कर्जदार शामिल हैं जो भुगतान करने की क्षमता रखते हैं लेकिन ऋण चुकाने से इंकार करते हैं वहीं राज्य के स्वामित्व वाले बैंकों ने सितंबर 2017 तक 7,564 उधारकर्ताओं को मिलाकर 93,357 करोड़ रुपये की विलफुल डिफॉल्ट की सूचना दी है।
प्रिय पाठको, देश अंदर से खोखला हो चुका है, 80 लाख करोड़ का कर्ज देश पर है, 111,389 करोड़ रुपये का कर्ज देश के 9339 लोगों पर हैं। हमने किन हाथों में देश को दे रखा है, देश के 9 लोगों के पास 65 करोड़ के बराबर धन संपत्ति है। यह सब क्या है। कैंसे लूटरे देश को लूटकर विदेश भाग जाते हैं, क्यूं सरकारी तंत्र तब अंधा बन जाता है जब कोई अमीर धंधे वाला देश में भ्रष्टाचार, लूट, जुल्म के काम करता है। कब तक यह सब चलता रहेगा? जनता और कानून की आंखों में पट्टी कब तक और बंधी रहेगी। आईये प्रण करें, अब हम आंखें खोलेंगे। किसी लूटरे को देश नहीं लूटने देंगे। अब स्वच्छ छवि वाले सामाजिक सेवक को ही वोट देंगे।
जय हिन्द। धन्यवाद।
-मोहम्मद इस्माईल, एडीटर