मैथी के लड्डू ठंड में कमर दर्द, गठिया और जोड़ों के दर्द में देगा फायदा

कोटा, 14 दिसम्‍बर, 2018:ठंड में आमतौर पर हमारे शरीर के दर्द व रोग और अधिक उग्र हो जाते हैं। सर्दियों में ठंडे वातावरण और वायुमंडलीय दबाव के कम होने के कारण मांसपेशियों में तनाव व अकड़न हो जाती है, जिसके कारण जोड़ों व नसों पर दबाव पड़ता है। आर्थराइटिस के मरीजों को सर्दियों में बहुत तकलीफ होती है। गलत ढंग से उठने-बैठने व खराब जीवनशैली के चलते पीठ व गर्दन में दर्द और कई रीढ़ संबंधित परेशानियां बढ़ जाती हैं। हालांकि आर्थराइटिस ठंड की वजह से नहीं होता, लेकिन सर्द मौसम में उसका दर्द अवश्य बढ़ जाता है। आज हम मैथी के लड्डू का जिक्र करेंगे जिसको बनाना आसान और स्वास्य् दर लाभ इतना कि जिसकी कोई कीमत नहीं। जहां तक मैथी से होने वाले फायदा का सवाल है वह हम फिर कभी बताएंगे। आज हम सर्दी के इस मौसम में मैथी के प्रयोग के बारे में बताएंगे। सर्दी के मौसम में मेथी के लड्डू कमर दर्द, गठिया और जोड़ों के दर्द में लाभदायक होते हैं
सर्दियों में जितना आवश्यक है व्यायाम करना है उससे ज्या दा जरूरी है ठंड से बचना। अगर आप जोड़ों के दर्द से ग्रसित हैं तो ठीक से गरम कपड़े पहनें और गरम रहें। गर्म पानी से सिकाई दर्द वाली जगह पर सिकाई करें। एक नुस्खा और जो मुझे याद आ रहा है वह है दालचीनी, शहद और खाने वाला चूने का मिश्रण। दर्द वाली जगह इन तीनों के मिश्रण को लगाकर पट्टी बांध दें, जरूर लाभ होगा। बहुत लोगों का आजमाया हुआ है।
रोजमर्रा की जिंदगी में अक्सर लोग सेहतमंद भोजन की अहमियत को भूल जाते हैं। सही स्वास्थ्य और मजबूत हड्डियों के लिए मौसमी फल व सब्जियों का सेवन करें। सर्दियों में अपने खाने में दूध, दही, पनीर, हरी सब्जियां, सोयाबीन,अंडे आदि शामिल करें। इन चीजों में कैल्शियम की अच्छी मात्रा होती है जो हड्डियों के लिए अच्छान होता है। कैल्शियम के साथ-साथ विटामिन-डी लेना भी जरूरी है। विटामिन डी का सबसे अच्छा स्रोत है सूर्य की रोशनी। रोजाना थोड़ी देर धूप सेकें ताकि आपके शरीर को भरपूर विटामिन डी मिल सके। इसके अतिरिक्त आज हम बहुत अच्छा नुस्खस बता रहे हैं जिसको थोड़ी मात्रा में ही लेने पर आपको रखेगा फिट और डॉक्टर से दूर। दरअसल आज हम मैथी के लड्डू की बात कर रहे हैं वह हम नीचे बताए दे रहे हैं।
सामग्री : 500 ग्राम मोटा पिसा गेहूं का आटा, 500 ग्राम मैथी दाना, 100 ग्राम खाने वाला गोंद बारीक किया हुआ, एक किलो गुड़, 250 ग्राम शकर का बूरा (पिसी शकर), 100 ग्राम पिसी छनी बारीक सोंठ, 1 किलो के करीब शुद्ध घी, 100 ग्राम खसखस, 250 ग्राम बारीक कटा मेवा, 10 ग्राम इलायची पावडर, बादाम – 25 या 30, काली मिर्च – 10, 15 एवं जीरा पाउडर – 2 छोटी चम्मच।
बनाने विधि : सबसे पहले मैथी दाने को साफ करके दो दिन पानी बदलकर भिगोएं। ताजे पानी से धोकर बारीक पीस लें। मोटे तले की फ्राइंगपेन में एक बड़ा चम्मच घी डालकर धीमी आंच में भूनें। घी की जरूरत लगने पर थोड़ा-थोड़ा डालकर चलाते हुए भूनते रहें। ब्राउन होने और खुशबू आने पर उतार लें। आटे को छानकर घी के साथ अलग से इसी तरह भून लें। गोंद को घी में फुलाकर हल्का-सा कुचल लें। कम गरम घी में सोंठ और खसखस को डालकर निकाल लें। गुड़ को बारीक करके घी के साथ चलाएं। जब गुड़ घी में अच्छी तरह से मिल जाए तो उतार लें। इसमें तैयार की हुई सारी सामग्री, कटे मेवे, इलायची पावडर मिला दें। आधा बूरा भी मिला दें। घी कम लगे तो इसमें आवश्यकतानुसार गरम घी मिला लें। अब थोड़ा गरम रहते ही मिश्रण को हथेलियों से रगड़ें और एक साइज के लड्डू बना लें।
सर्दी के दिनों में सुबह नाश्ते में यह लड्डू खाने से कमर दर्द, गठिया तथा जोड़ों का दर्द और वात रोग में लाभ मिलता है तथा स्फूर्ति भी बनी रहती है। ठंड के दिनों में इन लड्डू का सेवन करने से आप कई तरह की बीमारियों से भी बचे रहेंगे।
अगर इस नुस्खे से आपको फायदा हो तो हमारे सोशल मीडिया को लाईक, शेयर और सब्सक्राईब करे और दूसरों को भी बताएं।
-संकलन : फरजाना, कोटा, राजस्थान